बिलासपुर। हाईकोर्ट ने प्रदेश के मॉडल स्कूलों को निजी संस्थाओं को देने पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने नाराजगी जताते हुए कहा कि केंद्र से फंड बंद होने पर राज्य सरकार की जिम्मेदारी खत्म नहीं हो जाती। क्या सरकार 59 स्कूल नहीं चला सकती। साथ ही शासन से एक सप्ताह में जवाब मांगा है।

राज्य सरकार ने शिक्षा के स्तर में सुधार के लिए प्रदेश में 74 मॉडल स्कूलों की स्थापना की है। सीबीएसई पैटर्न पर चलने वाले इन स्कूलोें में ब्लाक के होनहार बच्चों को प्रवेश दिया जाता है। इसके संचालन के लिए अब तक केंद्र सरकार से फंड मिलता था।

इसमें कुछ हिस्सा राज्य सरकार का भी था। केन्द्र सरकार ने इसके लिए दिए जाने वाले फंड में कटौती कर दी है। इसके बाद राज्य सरकार ने 74 में से 59 स्कूलों को निजी संस्थाओं को देने का निर्णय लिया।

इसके खिलाफ बिलासपुर जिले के गोढ़ी मॉडल स्कूल में पढ़ने वाले छात्र के अभिभावक विनोद दिवाकर समेत अन्य ने अधिवक्ता सुशील दुबे के माध्यम से हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है। इस पर जस्टिस एमएम श्रीवास्तव के कोर्ट में सुनवाई हुई। कोर्ट ने शासन के इस निर्णय पर तल्ख टिप्पणी की है।