नई दिल्ली: विदेशों की तर्ज पर अब भारत में भी अगर आप ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन नहीं करते हैं और ठीक तरीके से गाड़ी चलाते हैं तो आपको इंश्योरेंस प्रीमियम ज्यादा नहीं देना होगा. केंद्र सरकार के निर्देश पर इंश्योरेंस रेगुलेटर IRDAI ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन को इंश्योरेंस प्रीमियम से जोड़ेगा. इसका मकसद दुर्घटनाओं में कमी लाना और लोगों में जागरूकता बढ़ाना है.
नए मोटर व्हीकल एक्ट के लागू होने के बाद ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन में ज्यादा जुर्माना तो देना ही पड़ रहा है, लेकिन अब ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन करने पर आपके व्हीकल का मोटर इंश्योरेंस प्रीमियम भी बढ़ जाएगा, क्योंकि अब ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन को इंश्योरेंस प्रीमियम से जोड़ा जाएगा. इंश्योरेंस रेगुलेटर IRDAI ने एक कमेटी बनाई है जो मोटर इंश्योरेंस पॉलिसी को ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन से जोड़ने को लेकर सिफारिश देगी और कंपनियां प्रीमियम बढ़ाने के फॉर्मूले के लिए NCR रिजन में एक पायलट प्रोजेक्ट को अंजाम देंगी.
एक सितंबर से नए नियम लागू होने के बाद मोटर इंश्योरेंस रिन्युअल में जोरदार बढ़ोतरी हुई है. कंपनियों के मुताबिक ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों चैनलों पर रिन्युअल रेट से जुड़ी पुछताछ में 30 से 40 परसेंट की बढ़ोतरी हुई है. नए नियम के मुताबिक,बिना इंश्योरेंस के पकड़े जाने पर 2000 रुपये का जुर्माना या तीन महीने की जेल हो सकती है. इसलिए, लोगों में इंश्योरेंस से जुड़ी जागरूकता बढ़ी है. इसके अलावा इंश्योरेंस रेगुलेटर IRDAI ने 4 राज्यों के साथ पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया है जिसमें जिन गाड़ियों के मालिकों ने मोटर इंश्योरेंस रिन्यू नहीं करवाया है उन्हें सूचना भेजी जा रही है कि जल्द इंश्योरेंस करवाएं. 
अब तक का सबसे ज्यादा चालान, रकम इतनी ज्यादा कि पैसे लेकर फरार हुआ ड्राइवर
जनरल इंश्योरेंस काउंसिल के आंकड़ों के मुताबिक, सड़क पर चलने वाले करीब 50 परसेंट व्हीकल बिना इंश्योरेंस के हैं और इसमें सबसे ज्यादा संख्या 2 व्हीलर गाड़ियों की है. जुर्माना बढ़ने और इंश्योरेंस प्रीमियम को ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन के साथ जोड़ने से सड़क दुर्घटनाओं में कमी आएगी और ड्राइवरों का रवैया बदलेगा.