मुंबई : पिछले दिनों इंटरनेशनल मार्केट में सोने के दाम में तेजी आने से घरेलू बाजार में 24 कैरेट गोल्ड का रेट 40,000 रुपये प्रति 10 ग्राम (जीएसटी समेत) के स्तर के पार चला गया था. इसके साथ चांदी के भाव में भी जबरदस्त उछाल आया था. एक महीने के दौरान सोने के भाव में जबरदस्त तेजी देखने को मिली है, ऐसे में घरेलू बाजार में सोने की बिक्री में भी गिरावट आई है. रेट महंगा होने से लोगों के बीच गोल्ड को रिसाइकल (पुराने सोने से नई ज्वैलरी बनवाना) कराने का क्रेज तेजी से बढ़ा है. अभी सोना अपने हाई लेवल से गिरकर 38656 के स्तर पर और चांदी 46742 प्रति किलोग्राम के स्तर पर बनी हुई है.

अभी भी निवेश किया तो हो सकता है फायदा
ज्वेलर्स फेडरेशन के अध्यक्ष राकेश शेट्टी ने बताया कि भाव महंगा होने से सोने की रिसाइक्लिंग में 70 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है जबकि बिक्री में 65 प्रतिशत की गिरावट आई है. शेट्टी ने बताया कि मौजूदा भाव ज्यादा होने के कारण लोग पहले से रखे सोने पर मेकिंग चार्ज देकर उससे अपने पसंद के गहने बनवाने लगे हैं. उन्होंने कहा कि दिवाली तक सोने का भाव 41,000 रुपये प्रति 10 ग्राम तक जा सकता है. ऐसे में सोने में निवेश अभी भी फायदेमंद साबित होने की पूरी संभावना है.


घरों में रखे सोने की रिसाइक्लिंग का क्रेज
अन्य आभूषण कारोबारियों का कहना है कि सोने का भाव ऊंचा होने के कारण लोग सोना खरीदने के बजाय घरों में रखे सोने की रिसाइकल करा रहे हैं. ऑल इंडियन जेम्स एंड ज्वेलरी फेडरेशन के चेयरमैन बछराज बामलवा ने बताया कि भाव बढ़ने के कारण लोग सोने की नई खरीद के बजाय पहले से रखे सोने की रिसाइक्लिंग करने का विकल्प अपना सकते हैं. आने वाले समय में सोने का भाव और ऊपर जा सकता है.