नई दिल्ली । इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) फुटबॉल में पहली बार कोई खिलाड़ी डोपिंग में लिप्त पाया गया है। दिल्ली डायनामोज के डिफेंडर राणा घरामी को राष्ट्रीय डोपिंग रोधी एजेंसी (नाडा) के नियमों का उल्लंघन करने का दोषी पाया गया है। अब राणा पर चार वर्षों का प्रतिबंध लग सकता है। राणा की जांच में शरीर में प्रतिबंधित प्रेडनिसोन और प्रेडनिसोलोन की मात्रा पाई गई है। उनके बिना किसी चिकित्सक की सलाह के इन दवाओं का सेवन किया। एक रिपोर्ट के अनुसार, घरामी पर प्रेडनिसोन, 20-बी-ओएच-प्रेडनिसोलोन और ग्लूकोकोर्टिकोस्टेरोइड का उपयोग करने का आरोप लगाया गया है। अगर नाडा यह साबित करने में कामयाब हो जाता है कि खिलाड़ी ने जानबूझकर नियमों का उल्लंघन किया है तो उस पर चार वर्षों का प्रतिबंध लग सकता है क्योंकि खिलाड़ी के खिलाफ लगा डोपिंग का यह पहला आरोप है। नाडा अगर विफल हो जाता है तो खिलाड़ी पर दो वर्षों का प्रतिबंध लगेगा और डोपिंग रोधी नियम के तहत इसे आगे और कम कराया जा सकता है।