कोलोराडो । दिल की बीमारी अब भी दुनिया की जानलेवा बीमारियों में सबसे आगे है। संतुलित खानपान और एक्सरसाइज दिल की बीमारियों को दूर रखने में मदद तो करते हैं, मगर कुछ मामलों में विशेषज्ञ अब भी दिल की बीमारी के कारगर इलाज की तलाश में लगे हुए हैं। एक अध्ययन प्रकाशित हुआ जिसमें कहा गया है कि दिल तक खून पहुंचाने वाली धमनियों को एक प्रोटीन की मदद से फिर से जवान बनाया जा सकता है। यह अध्ययन यूनिवर्सिटी ऑफ कोलोराडो के विशेषज्ञों ने किया है। इसमें 60 से 79 साल की उम्र के 10 वॉलंटियर को प्राकृतिक एंटीऑक्सिडेंट कोएंजाइम  क्यू10 का रिफाइंड वर्जन मीटोक्यू दिया गया। अन्य 10 को प्लेसिबो दिया गया। विशेषज्ञों ने देखा कि मीटोक्यू सप्लिमेंट लेने वाले वॉलंटियर की धमनियों की उम्र में 15 से 20 साल तक का अंतर देखने को मिला। प्रमुख शोधकर्ता मैथ्यू रॉसमैन ने कहा कि अगर धमनियों की स्थिति में इस स्तर का सुधार होता है, तो इससे हृदय रोगों की आशंका को 13 फीसदी तक कम किया जा सकता है।  6 हफ्तों के बाद शोधकर्ताओं ने इस प्रयोग में शामिल वॉलंटियर की धमनियों की सेहत और आकार का आकलन किया। इसके बाद उन्होंने दोनों समूहों को दिए जाने वाले सप्लिमेंट की अदला-बदली कर दी।