नई दिल्ली : सोने में निवेश से होने वाले फायदे के बारे में तो आप पुराने समय से ही सुनते आए हैं. लेकिन क्या आपको पता है कि आपके घर में रखी सोने की ज्वेलरी भी आपको फायदा पहुंचा सकती है. दरअसल, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) आपके लिए एक बेहतरीन मौका लाया है. SBI की सबसे खास स्कीम के जरिए आप कमाई कर सकते हैं. स्टेट बैंक की गोल्ड डिपॉजिट स्कीम में अपना सोना जमा करके कमाई की जा सकती है. अगर आपके पास सोने की ज्वेलरी सिक्के या प्योर गोल्ड रखा है तो इस स्कीम में जमा करने पर उस पर ब्याज के साथ कई फायदे मिलते हैं.

डिपॉजिट पर मिलता है प्रमाण पत्र
हमारी सहयोगी वेबसाइट जी बिजनेस के अनुसार स्टेट बैंक की स्कीम में सोना जमा करते वक्त आपकी सोने की शुद्धता की जांच होती है. शुद्धता के आधार पर बैंक की तरफ से प्रमाण पत्र दिया जाता है. आप अपने सोने को 1 से लेकर 15 साल तक डिपॉजिट रख सकते हैं. डिपॉजिट की अवधि खत्म होने पर इसे ब्याज समेत वापस ले सकते हैं. आप चाहें तो गोल्ड की जगह पूरी रकम कैश में भी ली जा सकती है.

कौन कर सकता हैं इसमें निवेश
SBI की आधिकारिक वेबसाइट के मुताबिक, भारतीय नागरिक इस स्कीम का लाभ ले सकते हैं. जमाकर्ता सिंगल या ज्वॉइंट अकाउंट खुलवा सकता है. HUF, पार्टनरशिप फर्म भी इसमें निवेश कर सकती हैं. इस स्कीम के तहत कम से कम 30 ग्राम सोना जमा करना जरूरी है. हालांकि, जमा करने की ऊपरी सीमा कोई नहीं है.

नई दिल्ली : सोने में निवेश से होने वाले फायदे के बारे में तो आप पुराने समय से ही सुनते आए हैं. लेकिन क्या आपको पता है कि आपके घर में रखी सोने की ज्वेलरी भी आपको फायदा पहुंचा सकती है. दरअसल, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) आपके लिए एक बेहतरीन मौका लाया है. SBI की सबसे खास स्कीम के जरिए आप कमाई कर सकते हैं. स्टेट बैंक की गोल्ड डिपॉजिट स्कीम में अपना सोना जमा करके कमाई की जा सकती है. अगर आपके पास सोने की ज्वेलरी सिक्के या प्योर गोल्ड रखा है तो इस स्कीम में जमा करने पर उस पर ब्याज के साथ कई फायदे मिलते हैं.

डिपॉजिट पर मिलता है प्रमाण पत्र
हमारी सहयोगी वेबसाइट जी बिजनेस के अनुसार स्टेट बैंक की स्कीम में सोना जमा करते वक्त आपकी सोने की शुद्धता की जांच होती है. शुद्धता के आधार पर बैंक की तरफ से प्रमाण पत्र दिया जाता है. आप अपने सोने को 1 से लेकर 15 साल तक डिपॉजिट रख सकते हैं. डिपॉजिट की अवधि खत्म होने पर इसे ब्याज समेत वापस ले सकते हैं. आप चाहें तो गोल्ड की जगह पूरी रकम कैश में भी ली जा सकती है.

कौन कर सकता हैं इसमें निवेश
SBI की आधिकारिक वेबसाइट के मुताबिक, भारतीय नागरिक इस स्कीम का लाभ ले सकते हैं. जमाकर्ता सिंगल या ज्वॉइंट अकाउंट खुलवा सकता है. HUF, पार्टनरशिप फर्म भी इसमें निवेश कर सकती हैं. इस स्कीम के तहत कम से कम 30 ग्राम सोना जमा करना जरूरी है. हालांकि, जमा करने की ऊपरी सीमा कोई नहीं है.

इन शाखाओं में कर सकते हैं निवेश
SBI की चुनिंदा शाखाओं में ही इस स्कीम का लाभ मिलता है. इनमें दिल्ली की PB ब्रांच, चांदनी चौक की SME ब्रांच, कोयम्बटूर ब्रांच, हैदराबाद मेन ब्रांच, मुंबई की बुलियन ब्रांच शामिल हैं. इन सभी शाखाओं में आप गोल्ड रखकर इसका फायदा उठा सकते हैं.

सोने के रेट बढ़ने पर मिलेगा ज्यादा फायदा
एसबीआई की इस स्कीम का सबसे बड़ा फायदा यह है कि योजना की मैच्योरिटी पर आपको उस दिन की कीमत के कीमत के हिसाब से भुगतान किया जाएगा. पिछले कई सालों में लंबी अवधि में सोने ने निवेशकों को बेहतर रिटर्न दिया है. इसे देखते हुए कहा जा सकता है कि सोने की कीमतों में आगे भी इजाफा होने की संभावना है. वहीं, बढ़ी कीमतों के अलावा योजना अवधि का ब्याज भी आपको मिलता है.

इनकम टैक्‍स में मिलती है छूट
एसबीआई की इस स्कीम में सोने के निवेश पर आपको इनकम टैक्स में भी छूट मिलती हैं. वहीं, अगर आय से ज्यादा का सोना होने पर आपको इस पर टैक्स भुगतान करना होता है. एसबीआई गोल्ड डिपॉजिट योजनाओं पर कोई संपत्ति कर, पूंजीगत लाभ कर या आयकर देय नहीं है.

स्कीम में रखे गोल्ड पर मिलता है लोन
एसबीआई की गोल्‍ड डिपॉजिट स्‍कीम में निवेश करने पर आपको इस रखे सोने पर लोन की सुविधा भी मिलती है. सोने के मौलिक मूल्य के 75 फीसदी तक लोन लिया जा सकता है.