जबलपुर। जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय में आहरण एवं संवितरण अधिकारियों की महत्वपूर्ण वार्षिक बैठक एवं प्रशिक्षण में कुलपति डॉ. प्रदीप कुमार बिसेन ने निर्देष दिये कि सेवानिवृत्त होने जा रहे कर्मचारियों के पेंशन प्रकरण ३ माह पूर्व ही तैयार कर लिये जायें, ताकि अनावश्यक भटकाव से बचा जा सके। डॉ. बिसेन ने अग्रिमों के समायोजन को प्राथमिकता देने पर भी जोर दिया। इस दौरान कुलसचिव श्री अशोक कुमार इंगले, लेखानियंत्रक श्री डी.आर. महोबिया, उपलेखानियंत्रक डॉ. अजय खरे, लेखाधिकारीगण एश्वर्य बाजपेयी, एस.के. खम्परिया, श्रीमति मेनका डहेरिया, एस.एन. सिंह, अजय डोंगरे एवं अधिकारियों ने प्रदेश में स्थित जनेकृविवि के कृषि महाविद्यालयों, कृषि विज्ञान केन्दों, कृषि अनुसंधान केन्दों एवं विभिन्न विभागों से पहुँचे लगभग १५० आहरण एवं संवितरण अधिकारियों एवं लेखा कार्य से जुडे़ शिक्षक एवं कर्मचारियों को बजट बनाना, अडिट आपत्तियों का निराकरण, पेंशन प्रकरण, पब्लिक फायनेंशियल मैनेजमेंट सिस्टम पोर्टल (पी.एफ.एम.एस.) तथा आर.टी.जी.एस. भुगतान प्रणाली आदि लेखा संबंधी कार्यो का गहन प्रशिक्षण दिया। उपलेखानियंत्रक डॉ. अजय  खरे ने बताया कि केन्द्र शासन विशेषकर भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद् नईदिल्ली द्वारा विवि को प्रदान की जाने वाली वित्तीय राशि का लेखा-जोखा लोक वित्तीय प्रबंधन प्रणाली द्वारा संचालित किया जा रहा है। इससे पारदर्शिता बनी रहती है। डॉ. खरे ने कहा कि अधिकारी कर्मचारियों के लिये यह प्रशिक्षण अत्यन्त ही महत्वपूर्ण है। भविष्य में भी ऐसे प्रशिक्षण लगातार दिये जायेंगे।