देश में इस वक्त मंदिर पॉलिटिक्स गरम है, तो भला चुनावी राज्य छत्तीसगढ़ इससे अछूता कैसे रह सकता है। यहां चुनाव चल रहा है ऊपर से नवरात्र भी है, तो मंदिर पॉलिक्टिस तो वाजिब है। प्रमुख राजनीतिक दलों के नेताओं में लगातार मंदिरों का चक्कर लगाने की एकतरह से होड़ मची हुई है।
शायद यही वजह है कि कांग्रेस नेता व पूर्व केंद्रीय मंत्री चरणदास महंत रविवार और पीसीसी अध्यक्ष भूपेश बघेल सोमवार को रतनपुर स्थित महामाया के दरबार में पहुंचे, तो दूसरे ही दिन भाजपा प्रदेश अध्यक्ष धरमलाल कौशिक भी समर्थकों की फौज के साथ महामाया के दरबार में हाजिरी लगाने पहुंच गए।
बीते एक दशक से कर रहे यात्रा
हालांकि कौशिक दोनों ही पक्ष के नवरात्र में सप्तमी को समर्थकों के साथ देवी दर्शन के लिए रतनपुर की दूरी पैदल ही तय करते आ रहे हैं। अब जबकि भारत निर्वाचन आयोग ने चुनावी बिगुल फूंक दिया है। ऐसे में इस बार की यात्रा को खास माना जा रहा है।