नई दिल्ली। आधार को बैंक खातों से लिंक करने की अनिवार्यता को लेकर रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया यानी आरबीआई ने बड़ा खुलासा किया है। आरबीआई ने एक आरटीआई के जवाब में कहा है कि उनकी ओर से इस तरह का आदेश नहीं दिया गया है। बैंक खाते को आधार से जोड़ने का आदेश केंद्र सरकार का है।

 

आरटीआई कार्यकर्ता योगेश सपकाले की अर्जी के जवाब में आरबीआई ने कहा कि केंद्र सरकार ने 1 जून, 2017 को गजट नोटिफिकेशन क्रमांक जीएसआर 538 (ई) जारी किया था। इसमें बैंक खाता खोलने के लिए आधार और पैन कार्ड को अनिवार्य बनाया गया है। इसमें रिजर्व बैंक की कोई भूमिका नहीं है।

 

मालूम हो कि सुप्रीम कोर्ट ने आधार का इस्तेमाल महज छह योजना तक ही सीमित रखने के लिए कहा है, जबकि केंद्र सरकार ने अपनी 50 योजनाओं का लाभ लेने के लिए आधार अनिवार्य बना दिया है।

 

आरटीआर्इ से हुआ एक और खुलासा

 

आरटीआई के तहत मिले जवाब में यह पता चला है कि आरबीआई की आेर से सुप्रीम कोर्ट में बैंक खातों से आधार को जोड़ना जरूरी बनाने के लिए कोई याचिका दाखिल नहीं की गई है।

सुप्रीम कोर्ट ने अक्टूबर, 2015 के अपने फैसले में कहा था कि आधार कार्ड योजना पूरी तरह से वाॅलिंटरी है आैर यह कभी आवश्यक नहीं हो सकती।

कालेधन शोधन को रोकने के लिए लोगों के आधार में जुड़ी तमाम तरह की सूचनाआें को बैंक आैर पैन खातों से जोड़ने की खातिर सरकार की आेर से जारी गजट अधिसूचना जीएसआर 538 (र्इ) को सीधे-सीधे सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का उल्लंघन माना जा रहा है।