इस्लामाबादः भारत जहां एक तरफ आतंकवाद के मुद्दे पर पाकिस्तान को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेनकाब करने के साथ- साथ संयुक्त राष्ट्र में भी पाकिस्तान को घेरने की अपनी कोशिशें तेज कर रहा है। वहीं पाकिस्तान ने जवाबी कार्रवाई में कथित रॉ एजेंट कुलभूषण जाधव को आड़ बनाकर भारत पर आतंकवाद को बढ़ावा देने का आरोप लगाया है। पाकिस्तानी अखबार के मुताबिक, पाकिस्तान ने भारत पर आतंकवाद को बढ़ावा देने, इसे प्रायोजित करने, इसका समर्थन करने और आतंकवाद की फंडिंग करने का आरोप लगाया है। 

नफीस जकारिया का बयान
भारत ने UN में जैश-ए-मुहम्मद के आतंकी सरगना मौलाना मसूद अजहर को प्रतिबंधित करने का प्रस्ताव रखा था। भारत की ओर से कहा गया था कि मसूद अजहर को UN की उस प्रतिबंधित सूची में रखा जाए, जिसमें अल कायदा से जुड़े संगठनों का नाम है। भारत के इस प्रस्ताव को चीन ने ब्लॉक कर दिया था। भारत के इसी प्रस्ताव पर प्रतिक्रिया करते हुए पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नफीस जकारिया ने कहा, पाकिस्तान भारत की ओर से प्राजोयित इस आतंकवाद का सीधा शिकार रहा है। रॉ के एजेंट और भारतीय नौसेना के अधिकारी कुलभूषण जाधव की गिरफ्तारी और उसके द्वारा दिया गया इकबालिया बयान इस बात की पुष्टि करता है। 

भारत पर लगाए गंभीर अाराेप
जाधव ने बताया कि पाकिस्तान को अस्थिर करने की आतंकी गतिविधियों में वह शामिल था। साथ ही, पाकिस्तानी नागरिकों को मारने और उन्हें नुकसान पहुंचाने की गतिविधियों में भी शामिल होने की बात उसने कही है। जाधव का बयान एक और सबूत है कि भारत पाकिस्तान में आतंकवाद को प्रायोजित करता है। जकारिया ने भारत पर दोहरी नीतियां अपनाने का आरोप लगाते हुए कहा कि भारत के हाथों पर मासूमों का खून है और इसीलिए आतंकवाद से लड़ने के उसके दावों की कोई साख नहीं है। आने वाले दिनों में पाकिस्तान UN और अंतरराष्ट्रीय बिरादरी के सामने इस संबंध में विस्तृत सबूत पेश करेगा। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान यह साबित कर देगा कि उसके यहां आतंकवाद को फैलाने में भारत की भागीदारी है।

मानवाधिकार का उल्लंघन
जकारिया ने कहा, भारत ने UNSC में पाकिस्तान पर जो आधारहीन आरोप लगाए, उनका मकसद असल में पाकिस्तान की सरजमीं में आतंकवाद को बढ़ावा देने की उसकी अपनी ही कोशिशों को छुपाना है। जकारिया ने इस बयान में एक बार फिर कश्मीर का मुद्दा उछालते हुए कहा, कश्मीर में भारत मानवाधिकार का उल्लंघन कर रहा है। भारत वहां आतंकवाद को प्रश्रय दे रहा है। अंतरराष्ट्रीय बिरादरी का ध्यान इन मुद्दों से भटकाने के लिए ही वह UN में पाकिस्तान पर इतने ओछे और आधारहीन आरोप लगा रहा है। जकारिया ने दावा किया कि पाकिस्तान लगातार आतंकवाद से लड़ रहा है।