गुफाओं में मंदिर, इस पृथ्वी पर सदियों से मौजूद हैं। आदिकाल के यह मंदिर वर्तमान में भी देखे जा सकते हैं। पाकिस्तान के प्रांत बलूचिस्तान का देवी हिंगलाज का मंदिर हो या भारत में मुंबई के नजदीक स्थित एलीफेंटा की गुफाओं में बने मंदिर। यह प्राचीन गुफा मंदिरों की श्रेणी में अपना एक अलग स्थान रखते हैं।

भारत ही नहीं बल्कि विदेशों में भी गुफाओं में मंदिर मौजूद हैं। मलेशिया जहां की राजधानीं कुआलालंपुर है, पहले एक हिंदू राष्ट्र था। यहां कई प्राचीन गुफा मंदिर हैं, जिनमें प्रमुख रूप से भगवान मुरुगन का गुफा मंदिर दुनिया भर में प्रसिद्ध है। यहां थैपुसम नाम का उत्सव भी मनाया जाता है। यहां भगवान मुरुगन की विशाल मूर्ति स्थित है। यह मूर्ति 42.7 मीटर ऊंची है।

भारत में तमिलनाडु में चेन्नई के कोरोमंडल के पास महाबलीपुरम में स्थित है वराह गुफा मंदिर लोगों के आकर्षकण का केंद्र सदियों से रहा है। इन गुफाओं में विष्णु भगवान की मूर्ति हैं। यूनेस्कों ने भी इस विरासत को अपनी सूची में स्थान दिया है। इन गुफाओं के अलावा सित्तनवसल और नार्थमलाई गुफा भी काफी प्रसिद्ध है।

कर्नाटक के बादामी में स्थित गुफा मंदिर सदियों से रहस्य बनी हुई हैं। बादामी की 4 गुफाओं मेंसे 2 गुफाएं भगवान विष्णु, 1 भगवान शिव और 1 जैन धर्म से संबंधित हैं। यह गुफाएं पहाड़ों को काटकर बनाई गई हैं।

वहीं, महाराष्ट्र के औरंगाबाद जिले में स्थित अजंता गुफाओं में 29बौद्ध और कई हिन्दू मंदिर हैं। ये गुफाएं अपनी चित्रकारी,गुफाएं और अद्भुत मंदिरों के लिए प्रसिद्ध हैं।

विश्व प्रसिद्ध अमरनाथ गुफा में भगवान शिव का वर्फ का शिवलिंग बनता है। तो वहीं जम्मू एवं कश्मीर राज्य में माता वैष्णों के दर्शन करने लाखों भक्त आते हैं। माता वैष्णो का यह मंदिर गुफा में स्थित है।