रियो डी जनीरो

36 साल बाद सेमीफाइनल में पहुंचने के सपने के साथ मैदान में उतरी भारतीय हॉकी टीम को क्वॉर्टरफाइनल में जीत नहीं मिल सकी। बेल्जियम ने भारत को 3-1 से करारी शिकस्त देकर सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली।

पहले क्वॉर्टर की शुरुआत से ही दोनों टीमों ने सधा हुआ खेल दिखाते हुए एक-दूसरे को गोल करने का कोई मौका नहीं दिया। छठे मिनट में बेल्जियम के बून टॉम को अंपायर ने ग्रीन कार्ड दिखा दिया। इसके बाद14वें मिनट में डॉकियर सेबस्टीन ने भारतीय गोलपोस्ट पर हमला बोला, लेकिन कामयाब नहीं हुए और कप्तान श्रीजेश ने शानदार बचाव किया। अंतिम सेकंड में भारत की ओर से आकाशदीप सिंह ने फील्ड गोल करके टीम इंडिया को महत्वपूर्ण बढ़त दिला दी।

दूसरे क्वॉर्टर में भी दोंनों टीमों ने शानदार खेल दिखाते हुए एक-दूसरे पर हावी होने की कोशिश की। एक ओर जहां बेल्जियम की टीम गोल करके मैच को बराबरी की स्थिति में लाने के लिए संघर्षरत दिखी तो भारतीय टीम और ज्यादा बढ़त लेने का प्रयास करती रही। मैच के 22 मिनट में बेल्जियम के जीरोम ट्रूयेन्स ने गोल का प्रयास किया लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली। 23वें मिनट में आकाशदीप और रमनदीप की जोड़ी ने भारत की ओर से शानदार मूव बनाया लेकिन इस बार भारत को सफलता नहीं मिल सकी। वहीं मैच के अंतिम मिनट में बेल्जियम पहला पेनल्टी कॉर्नर मिला लेकिन बेल्जियम की टीम इस मौके को गोल में नहीं बदल सकी और दूसरे क्वॉर्टर में भी भारत की 1-0 की बढ़त बरकरार रही। तीसरे क्वॉर्टर की शुरुआत से ही बेल्जियम ने भारत पर हमले की कोशिश की। थॉमस ब्रील्स ने शानदार शॉट मारा लेकिन भारतीय गोलकीपर श्रीजेश ने उतना ही सानदार बचाव किया। मैच के 34वें मिनट में आखिरकार बेल्जियम को सफलता मिली और सेबेस्टियन डोकिअर ने फील्ड गोल्ड करके मैच को बराबरी पर लाकर खड़ा कर दिया। 41वें मिनट में भारत के वीआर रघुनाथ को ग्रीन कार्ड मिला, जिसके कारण भारत को 2 मिनट तक 10 खिलाड़ियों के साथ खेलना पड़ा। मैच के 44वें मिनट में बेल्जियम को पेनल्टी कॉर्नर मिला लेकिन श्रीजेश की सूझबूझ के चलते बेल्जियम की टीम गोल नहीं कर सकी। तीसरे क्वॉर्टर के अंतिम मिनट में सेबेस्टियन डोकिअर ने एक और गोल करके भारत को 1-2 से पीछे कर दिया। इस तरह तीसरे क्वॉर्टर की समाप्ति पर बेल्जियम की टीम 2-1 से आगे हो गई।

48वें मिनट में बेल्जियम को एक और पेनल्टी कॉर्नर मिला लेकिन बेल्जियम की टीम गोल नहीं कर सकी। इसके बाद मैच के 50वें मिनट में बेल्जियम की ओर से टॉम बून ने एक और गोल करते हुए भारतीय टीम को काफी पीछे कर दिया। इसके बाद बेल्जियम ने भारत को उबरने का कोई मौका नहीं दिया और 3-1 से मैच जीतकर सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली।

गौरतलब है कि भारत ने पूल-बी में दो जीत, दो हार और एक ड्रॉ के सहारे 7 अंकों के साथ चौथे स्थान पर रहकर अंतिम आठ में जगह बनाई थी। भारत ने आयरलैंड (3-2) और अर्जेंटीना (2-1) को हराया लेकिन मौजूदा ओलिंपिक चैंपियन जर्मनी (1-2) और नीदरलैंड (1-2) से उसे हार झेलनी पड़ी थी। अपने अंतिम लीग मैच में विश्व में 15वें नंबर की कनाडाई टीम ने भारत को जीत का मौका नहीं दिया और भारतीय टीम को अंक बांटने पड़े। कनाडा के साथ भारत ने 2-2 से ड्रॉ खेला था। वहीं अगर बात करें बेल्जियम की तो पूल-ए में बेल्जियम की टीम पांच मैचों में चार जीत के साथ पहले नंबर पर रही थी। बेल्जियम की टीम को केवल अंतिम लीग मैच में न्यूजीलैंड (1-3) से हार का सामना करना पड़ा था।