हनुमान चालीसा का नियमित पाठ करने से कई तरह की तकलीफों को दूर किया जा सकता है। हनुमान चालीसा को बेहद ही चमत्कारी पाठ माना जाता है और इसे पढ़ने से हनुमान जी स्वयं आपकी रक्षा करते हैं। इसलिए जीवन में बुरा दौर आने पर या कोई परेशानी आने पर हनुमान चालीस का पाठ करने की सलाह दी जाती है। ग्रंथो के अनुसार जो लोग नियमित रूप से हनुमान चालीसा का पाठ करते हैं। उन पर हनुमान जी की कृपा बन जाती है और हनुमान जी जीवन भर उनका साथ देते हैं। हनुमान चालीस का पाठ करने से किन-किन परेशानियों को दूर किया जा सकता है और इस पाठ को किस तरह से करें। इस चीज की जानकारी इस लेख में दी गई है।
भय होता है दूर
मन में किसी भी तरह का भय होने पर हनुमान चालीसा का पाठ करना लाभदायक होता है। हनुमान चालीस का पाठ करने से भय दूर हो जाता है। आप हनुमान चालीसा का पाठ करते समय एक कागज में थोड़ा सा सिंदूर रख दे। पाठ पूरा होने के बाद इस सिंदूर को अपने माथे पर लगा लें। रोज इसी तरह से हनुमान चालीसा का पाठ करने से मन से हर तरह का भय दूर हो जाएगा। भय के अलावा जिन लोगों को नकारात्मक विचार अधिक आते हैं वो भी हनुमान चालीसा का पाठ किया करें।

ना आएं बुरे सपने

कई लोगों को बुरे सपने खूब आते हैं। इसके अलावा कई लोगों को रात को बेहद घबरहाट भी होती है। जिन लोगों को भी ये परेशानी रहती है वो लोग रात को सोने से पहले हनुमान चालीसा का पाठ किया करें। हनुमान चालीसा का पाठ करने से बुरे सपने नहीं आते हैं और नींद अच्छी आती है।

चिंता हो दूर

किसी भी प्रकार की चिंता होने पर हनुमान चालीसा का पाठ करना लाभदायक होता है। ये पाठ पढ़ने से मन को शांति मिलती है और चिंता दूर हो जाती है। इसलिए अगली बार से जब भी आपको किसी प्रकार की चिंता हो तो आप हनुमान चालीसा पढ़ लें।

रोग करे दूर

हनुमान चालीसा का पाठ बेहद ही ताकतवर माना जाता है और ये पाठ पढ़ने से हनुमान जी आपको हर दुख से निकाल देते हैं। पंड़ितों के अनुसार हनुमान चालीसा का पाठ करने से रोगी व्यक्ति निरोगी हो जाता है और उसका रोग दूर हो जाता है। रोग की तरह ही किसी भी प्रकार का कष्ट होने पर भी आप ये पाठ जरूर करें।

शनि से रक्षा करें

जी हां, हनुमान चालीसा का पाठ करने से शनि की साढ़े साती से रक्षा होती है। ग्रंथों के अनुसार शनिदेव ने हनुमान जी से ये वादा किया था कि वो जीवन में कभी भी उनके भक्तों को तंग नहीं करेंगे और जो लोग नियमति रुप से हनुमान चालीसा का पाठ करेगा उनकी कुंडली में कभी भी साढ़े साती नहीं आएगी। इसलिए ये कहा जाता है कि कुंडली में साढ़े साती आने पर हनुमान चालीसा का पाठ किया करें।

इस तरह से करें पाठ
हनुमान चालीसा का पाठ शाम को सात बजे के बाद करना उत्तम होता है। ये पाठ शुरू करने से पहले जय श्री राम का नाम जरूर लें। इसी तरह से पाठ खत्म होने के बाद भी राम जी का नाम दें।