बिलासपुर । कलेक्टर डॉ.संजय अलंग ने आज जिले में चल रहे विकास एवं निर्माण कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने चल रहे निर्माण कार्यों की गति बढ़ाने और जल्द पूर्ण करने के निर्देश दिये। मंथन सभाकक्ष में आयोजित बैठक में ग्रामीण एवं पिछ?ा वर्ग, आदिवासी विकास, अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण अंतर्गत स्वीकृत निर्माण कार्यों की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने विगत कई वर्षों के लंबित कार्यों पर असंतोष जताया। जिले में डीएमएफटी के तहत स्वीकृत कार्यों की समीक्षा की और निर्देशित किया कि जो कार्य अप्रारंभ है उन्हें प्रारंभ न किया जाये। जो कार्य पूर्ण हो गया है उनका पूर्णता प्रमाण पत्र दें। वन विभाग के तहत केम्पा मद से किये जा रहे कार्यों की समीक्षा की गई। मरवाही में केम्पा मद से 46 करोड़ रूपये के कार्य स्वीकृत किये गये हैं। इन कार्यों में 5-5 करोड़ के दो नालों के कार्य भी हैं। कलेक्टर ने वन क्षेत्रों में गौठानों के लिये जमीन उपलब्ध कराने के संबंध में मरवाही डीएफओ को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। साथ ही वनक्षेत्रों में आवारा पशुओं को छोड़ जाने पर उनके लिये चारा एवं पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित करने कहा। कलेक्टर ने जिले में पीडब्ल्यूडी राष्ट्रीय राजमार्ग के कार्यों पर गहरी नाराजगी जताई और सभी सडक़ों का मरम्मत और गड्ढे भरने का कार्य 15 दिवस के भीतर पूर्ण करने का निर्देश दिया। एडीबी द्वारा स्वीकृत सडक़ों के निर्माण की समीक्षा की। सडक़ निर्माण में भू-अर्जन के प्रकरणों का निराकरण प्राथमिकता से करने कहा। बिलासपुर में ट्रांजिट हॉस्टल निर्माण हेतु जगह चिन्हांकित कर जल्द कार्य चालू करने हेतु निर्देश दिये। जिले के आदर्श ग्रामों में संचालित कार्य, योजना मंडल के कार्य, मनरेगा, सुराजी ग्राम योजना के कार्यों की समीक्षा की गई। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी रितेश कुमार अग्रवाल, डीएफओ बिलासपुर, अतिरिक्त कलेक्टर बी.सी.साहू सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।