मुख्यमंत्री भूपेश बघेल कोरोना की इस जानलेवा आपदा के बीच भी जननायक के रूप में फ़ील्ड पर डटे हुए हैं।जबकि विश्व पटल पर देखता हूँ कई राजनेता डर के मारे दुबक कर गायब हैं।

मैं यह देख कर वाकई अचंभित हो जाता हूँ कि वह मास्क लगाए किसी गरीब सब्जी वाली के पास पहुंच जाते हैं, कभी वह महामारी से लड़ने ब्यूरोक्रेट्स को दिशानिर्देश देते दिखाई देते हैं जिससे हम प्रदेश वासियों को कोई तकलीफ न हो। उन्हें झारखंड के उन मजदूरों की चिंता भी है जो कि बिलासपुर में फंसे हुए थे तथा वह उन छत्तीसगढ़ी मजदूरों की लिए भी चिंतित दिखाई देते हैं जो कि अन्य राज्यों में फंसे हुए हैं।

उन्हें यह भी चिंता है कि उनके राज्य का कोई व्यक्ति भूखा न रहे इसके लिए वह चावल दाल बंटवाने का इंतज़ाम तो करते ही हैं साथ ही साथ उन्हें ध्यान है कि सब्जी,दूध,फल जैसी आवश्यक वस्तुओं के दाम न बढ़ने पाएं और मुनाफाखोरी मत हो।भूपेश बघेल का मैं प्रशंसक और समर्थक तो था ही पर इस विपत्ति और आपदा में उनकी कार्यशैली देख कर उनपर विश्वास और भी कई गुना बढ़ जाता है।

यह देख कर अच्छा लगता है कि वाकई हम छत्तीसगढ़ वासियों ने एक योग्य औऱ बेहतरीन व्यक्ति को प्रदेश की कमान सौंपी है।

साथ ही साथ मुख्यमंत्री की सम्पूर्ण टीम भी बधाई की पात्र है जो दिनरात एक किये हुए है।

न्यूज़ सोर्स : fb वाल से साभार